मेरे विचार /अगम प्रसाद माथुर
Language: HIN Publication details: नई दिल्ली : प्रगुन पब्लिकेशन, 2011.Description: xvii, 455pISBN:- 9789380397078
- Mere vichaar
- 891.438 MAT-M
| Cover image | Item type | Current library | Home library | Collection | Shelving location | Call number | Materials specified | Vol info | URL | Copy number | Status | Notes | Date due | Barcode | Item holds | Item hold queue priority | Course reserves | |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
Books
|
NASSDOC Library | 891.438 MAT-M (Browse shelf(Opens below)) | Available | 54852 |
यह लेख–संकलन उन्नीसवीं शताब्दी के भारतीय नवजागरण की पृष्ठभूमि में राधास्वामी मत और उसके वर्तमान आचार्य प्रो. अगम प्रसाद माथुर के बहुआयामी व्यक्तित्व को रेखांकित करता है। पुस्तक में भारतीय समाज में हुए धार्मिक-सामाजिक आंदोलनों, विशेषतः राधास्वामी मत की आध्यात्मिक दृष्टि, प्रेम-भक्ति, गुरु-सेवा और मानव कल्याण के आदर्शों का विवेचन है।
प्रो. माथुर को एक विद्वान प्रशासक, शिक्षाविद्, साहित्यकार, विचारक और साथ ही एक निष्ठावान आध्यात्मिक साधक के रूप में प्रस्तुत किया गया है, जिन्होंने सांसारिक और आध्यात्मिक जीवन के बीच सफल समन्वय स्थापित किया। उनके लेखों और भाषणों के इस संकलन ‘मेरे विचार’ में दर्शन, धर्म, संस्कृति, इतिहास और समकालीन समस्याओं पर उनके प्रेरणादायी विचार संकलित हैं, जो मानवता को आशा, प्रेम और सकारात्मक जीवन-दृष्टि की ओर ले जाते हैं।
There are no comments on this title.
